हरियाणा बिजली कर्मचारी एवं इंजीनियर संयुक्त मंच का आह्वान

हरियाणा बिजली कर्मचारी और इंजीनियर संयुक्त मंच
दिनांक: 19 अक्टूबर 2026
नूंह और गुरुग्राम में ‘ समानांतर लाइसेंसिंग’ के ज़रिए बिजली के निजीकरण के ख़िलाफ़ निर्णायक लड़ाई का ऐलान
हरियाणा विद्युत नियामक आयोग (HERC) ने, कथित तौर पर सरकार के समर्थन से, एक जन-विरोधी और कर्मचारी-विरोधी फैसला लिया है। इसके तहत गुरुग्राम और नूंह जिलों के लिए ‘इलेवन पावर’ नामक निजी कंपनी को 25 वर्षों के लिए बिजली वितरण का समानांतर लाइसेंस दिया गया है। यह फैसला दशहरा से ठीक एक दिन पहले लिया गया।
अधिक मुनाफे और ज्यादा राजस्व वाले क्षेत्रों को निजी हाथों में सौंपकर, सरकारी स्वामित्व वाली ‘दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम’ (DHBVN) को कमजोर करने और नुकसान पहुँचाने की एक साजिश रची जा रही है।
इस अन्यायपूर्ण फैसले के विरोध में, और पूरे हरियाणा के सभी बिजली कर्मचारियों, इंजीनियरों, किसानों तथा आम उपभोक्ताओं के अधिकारों की रक्षा के लिए, ‘हरियाणा बिजली कर्मचारी एवं इंजीनियर संयुक्त मंच’ ने संघर्ष के निम्नलिखित कार्यक्रम की घोषणा की है:
आंदोलन और विरोध कार्यक्रमों की रूपरेखा
20 अक्टूबर 2026 को सुबह 11 बजे
पूरे राज्य में केंद्रीय ऊर्जा मंत्री श्री मनोहर लाल खट्टर, हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी और HERC के चेयरमैन श्री मुकेश गर्ग के पुतले जलाए जाएंगे।
21 अक्टूबर 2026 (सुबह 11:00 बजे)
समांतर वितरण लाइसेंस देने वाले HERC के जन-विरोधी आदेश की प्रतियां पूरे हरियाणा में जलाई जाएंगी।
हड़ताल – 22, 23 और 24 अक्टूबर 2026 — तीन दिवसीय हड़ताल पूरे राज्य में लगातार तीन दिनों तक हड़ताल रहेगी।
24 अक्टूबर 2026 (सुबह 11:00 बजे)
हड़ताल के तीसरे दिन, संयुक्त मंच आंदोलन के अगले चरण और आगे की कार्ययोजना की घोषणा करेगा।
विशेष अपील
बिजली विभाग के सभी कर्मचारियों और इंजीनियरों, उपभोक्ताओं, किसान संगठनों, खाप पंचायतों और ग्रामीण नागरिकों से आग्रह है कि वे इस जन-आंदोलन में पूरे दिल से शामिल हों और अपनी एकता तथा संकल्प का प्रदर्शन करें।
हमारा नारा है—संघर्ष और एकजुटता!
आइए, मिलकर अपने सार्वजनिक बिजली क्षेत्र को बचाएं!
जारीकर्ता:
हरियाणा बिजली कर्मचारी एवं इंजीनियर संयुक्त मंच
