उत्तर रेलवे के ट्रैक मेंटेनर्स ने भारतीय रेलवे के लोको पायलटों की उचित मांगों का समर्थन किया

आल इंडिया रेलवे ट्रैकमेंटेनर यूनियन (ए.आई.आर.टी.यू.), उत्तर रेलवे द्वारा समर्थन वक्तव्य

(अंग्रेजी वक्तव्य का अनुवाद)

आल इंडिया रेलवे ट्रैक मेंटेनर यूनियन                 नरेन्दर पांचाल
(ट्रेड यूनियन अधिनियम 1926 के तहत पंजीकृत)                   जनरल सेक्रेटरी उत्तर रेलवे


संदर्भ : -AIRTV/GS/LP-SR/19

दिनांक: -21.06.2024

आल इंडिया रेलवे ट्रैक मेंटेनर्स यूनियन (ए.आई.आर.टी.यू.) भारतीय रेलवे के लोको पायलटों की न्यायोचित मांग का समर्थन करता है!

एआईआरटीयू लोको पायलट (एलपी) और सहायक लोको पायलट (एएलपी) की उचित मांगों का समर्थन करता है जो ऑल इंडिया लोको रनिंग स्टाफ एसोसिएशन (एआईएलआरएसए) के नेतृत्व में संघर्ष कर रहे हैं। वे निम्नलिखित मांगों को लेकर 10 दिनों से अधिक समय से दक्षिण रेलवे में आंदोलन कर रहे हैं।

• एआईएलआरएसए ड्यूटी के घंटों को 10 घंटे तक सीमित करने की मांग कर रहा है, जैसा कि अगस्त 1973 में लोकसभा में घोषणा की गई थी, जब एआईएलआरएसए के नेतृत्व में लोको पायलटों ने अगस्त 1973 में देश में संपूर्ण रेल यातायात को रोक दिया था। हालांकि 50 साल बाद भी एलपी और एएलपी को 10 घंटे से अधिक काम करना पड़ता है।

• एआईएलआरएसए हर सप्ताह 46 घंटे का आवधिक विश्राम मांग रहा है, जबकि अभी उन्हें प्रति सप्ताह केवल 30 घंटे ही मिल रहे हैं।

• एआईएलआरएसए मांग कर रहा है कि इंजन चालकों को दो रातों से अधिक लगातार रात्रि ड्यूटी करने के लिए नहीं कहा जाना चाहिए, जबकि अभी उनसे 4 रातों तक ड्यूटी करने के लिए कहा जाता है।

• एआईएलआरएसए की मांग है कि इंजन चालकों को 48 घंटे के भीतर मुख्यालय वापस लौटना चाहिए, जबकि अभी उन्हें 72 घंटे तक मुख्यालय से बाहर रहना पड़ता है।

एआईआरटीयू मांग करता है कि रेल प्रशासन एल.पी. और ए.एल.पी. की उपरोक्त सभी न्यायोचित मांगों को पूरा करे।

नरेन्दर पांचल गेन.सेक्रेटरी/उत्तर रेलवे

 

Subscribe
Notify of
guest
0 Comments
Inline Feedbacks
View all comments